शिक्षाप्रद कहानी - दो की लडाई का फायदा.....| Hindi Motivational Story


      भैंस, घोड़े और मनुष्य की कहानी



hindi-story




पुराने समय की बात है एक महात्मा अपने आश्रम में रहकर शिक्षा दिया करते थे। महात्मा के आश्रम में 2 शिष्य ऐसे थे जो हमेशा आपस में लड़ते झगड़ते रहते थे। गुरु हमेशा इन दोनों शिष्यों के विषय में ही सोचते रहते थे  एक बार गुरु ने उन दोनों को शिक्षा देने की सोची और दोनों को पास में बुलाया और कहा की में आज तुम दोनों को एक कहानी सुना रहा हूँ तुम दोनों उसे ध्यान से सुनना।
loading...

Related post 
       

गुरू और शिष्य की कहानी GURU OR SHISHY KI KAHANI IN HINDI


  गुरु ने कहा कि सुनों एक बार एक जंगल में एक भैंस और एक घोड़ा रहते थे। वे दोनों आपस में लड़ते रहते थे। एक दिन दोनों में बहुत भयंकर लड़ाई हुई और भैंस ने घोड़े को मार मार के जंगल से भगा दिया, घोड़े को बहुत चोंटे लगी. और उसने भैंस से बदला लेने की सोची और वह जंगल के पास में बने घर पर गया और उसने घर के मालिक से हेल्प करने के लिए कहा।

उस मनुष्य ने कहा की भैंस का तो शरीर बहुत विशाल है और उसके सिंग भी बहुत बड़े-बड़े है तो फीर में उसका सामना कैसे करूँगा।

घोड़े ने कहा कि आप मेरी पीठ पर बैठ जाओ में बहुत तेज भागता हूँ आप पीठ पर बैठे बैठे डंडे से भैस को मारना।

 मनुष्य ने उसकी बात मान ली और वह घोड़े की पीठ पर बैठ गया तथा डंडे से भैंस को मार मार कर अधमरा कर दिया। फिर उसने घोड़े से कहा कि मे अब इसका क्या करू ? तो घोड़े ने जवाब दिया की आप इसे बांध लो ।

 मनुष्य ने कहा की मे इसको पकड कर क्या करूंगा ?

घोड़े ने कहा की भैंस बहुत मीठा दूध देती है आप भैस का मीठा दूध पि सकते है इसलिए आप इसे अपने पास रख लो।


2 शिक्षाप्रद कहानियाँ HINDI MOTIVATIONAL STORY

मनुष्य को उसकी बात बहुत अच्छी लगी और उसने भैंस के साथ साथ घोड़े को भी अपने घर पर बांध लिया। जब घोड़े ने खुद को छोड़ने का निवेदन किया तो मनुष्य ने जवाब दिया की मुझे पता चल गया है कि तुम सवारी के भी काम आ सकते हो, इसलिए अब में भैंस का मीठा दूध पिहुगा और तुम्हारी पीठ पर सवारी करूंगा।

loading...
   यह सुनकर घोड़े को बहुत दुःख हुआ और उसे अपनी करनी का फल मिल गया 

इसलिए तो कहा जाता है कि जो दूसरों के लिए गढ़ा खोदता है स्वयं उसमे गिरता है।

 गुरु ने दोनों शिष्यों को समझाते हुए कहा कि यदि तुम दोना आपस ,में लड़ते रहे तो तुम्हारा हाल भी घोड़े और भैंस जैसा हो जाएगा।

शिक्षा-  दो की लड़ाई में फायदा हमेशा तीसरा उठाता है।
दोस्तों आपको यह story कैसी लगी आप अपने विचार कमेन्ट्स बॉक्स में जरुर share करे. और आप अपने दोस्तों के साथ भी स्टोरी को जरुर शेयर करे।

फ्रेंड्स आप हमारी पोस्ट को ईमेल पर प्राप्त करना चाहते हो तो हमारा ईमेल सब्सक्राइब जरुर ले जिससे आपको नई पोस्ट प्रकाशित होते ही आपको ईमेल द्वारा भेज दी जाएगी.  आप हमारा facebook fan page भी जरुर like करे।



विरम सिंह
विरम सिंह

This is a short biography of the post author. Maecenas nec odio et ante tincidunt tempus donec vitae sapien ut libero venenatis faucibus nullam quis ante maecenas nec odio et ante tincidunt tempus donec.

No comments:

Post a Comment