जब रावण के नाम से पत्थर पानी मे तैरने लगे Hindi Story


दोस्तो आज हम एक ऐसी कहानी लेकर आए है जो की पौराणिक काल से जुडी है । श्री राम ने समुद्र पर सेतु बना दिया था यह बात जब रावण को पता चली तो उसने भी अपने नाम से पत्थर पानी मे तैरा दिए थे । पर कैसे ? वो इस कहानी मे जानेगे, आखिर क्यों तैरने लगे रावण के नाम के पत्थर? 
रावण ने पानी मे पत्थर कैसे तैरा दिए?

  प्रेरणादायी कहानियाँ पढने के लिए यहाँ क्लिक करे ।

                 Hindi Story



रामायण की एक घटना है जब श्री राम और रावण के मध्य युद्ध होना तय हो गया, तो रामजी की सेना ने समुन्द्र पर सेतु बनाने का work start कर दिया अभी तक तो यही कहा जाता रहा था की रामजी की सेना रावण की सेना के आगे कई दिखाई नहीं देती है 




लोगो को लगता था की रावण ने तो महादेव को प्रसन्न कर रखा है, और ब्रह्मा से भी वरदान ले रखे है तो इस महाबली को कौन पराजित करेगा? लेकिन जब अकेले हनुमानजी ने लंका को तहस नहस कर दिया तो पूरी लंका हिल गई जब एक वानर में इतनी ताकत है तो बाकी के वानरो की ताकत का अनुमान लगाना सहज नहीं है तब तो हालत यह हो गई थी कि वानर कहलाने वाले वे लोग अपने हाथ में मोटे मोटे पत्थर उठाकर उस पर ‘राम’ का नाम लिखकर समुन्द्र में फेकने लगे और उस सागर में भी ऐसी ताकत नहीं रही कि वह उन पत्थरों को डुबो सके

Read Also
       मै और मैना का रहस्य Best Hindi Inspirational story


कहानी अपाहिज कौन?

 लंकावासियों ने जब यह देखा तो वे हिल गये वे सोचने लगे की इस वानर जाति का मुकाबला करना तो रावण जैसे महाबली के लिए भी मशक्क्त का काम हो जाएगा रावण के पास जब यह बात पहुंची की लंकावासी परेशान हो गये है. राव के दरबार के मंत्री और सभासद कहने लगे की महाराज , पुरे देश में आपके प्रति अस्थिरता का भाव पनप रहा है , अविश्वास की लहर उठ रही है अगर आपको जनता का विश्वास हासिल करना है तो आपको भी सागर के किनारे जाकर आपना नाम पत्थरों पर लिखकर उन्हें समुन्द्र में उतारना होगा। अगर आप पानी में पत्थर तिरा सके तो आप जनता का विश्वास जितने में सफल हो जाएंगे. रावण जनता था की उसके पास ढेरों प्रकार की शक्तियाँ है पर पत्थर को पानी में तैराने की कला और शक्ति उसके पास नहीं है लेकिन अगर जनता में लंकाधिपति के प्रति विश्वास ही न रहेगा तो युद्ध में उसके साथ कौन लडेगा

Read 
     गंगाजी धरती पर कैसे आई?

 सभासदों के दबाव में आकर रावण समुन्द्र के किनारे पहुच गया और उसने घोषणा भी कर दी की वह वह पत्थरों को पानी में तेरा देगा। राक्षसों द्वारा वहां बड़े बड़े पत्थर इकट्ठे कर दिये गये सबके उपर रावण लिख दिया गया क्या आप जानते है की वे पत्थर तैरते रहे या डूब गये ?  अगर डूब गये तो क्यों और तैरते रहे तो क्यों?

    अगर ‘राम’ नाम के पत्थर तैरते रहे तो जन लीजिए की ‘रावण’ नाम के पत्थर भी तैरते रहे। केवल सकारात्मक विचारो के कारण रावण ने पत्थर उठाए, कुछ सोचा और पानी में पत्थर उतर दिये, सारे पत्थर तैरने लगे लंका में रावण की जय जयकार हो गई कि दुनिया में केवल राम की ही ताकत नहीं है रावण की ताकत भी ताकत है

रावण जब राजमहल पहुंचा तो मंदोदरी ने कहा,- “ मै यह तो जानती हूँ कि आपमें बहुत शक्ति और ताकत हसे लेकिन यह बात समझ में नहीं आई कि आपके नाम में ऐसी कौनसी करामात है कि पत्थर भी तैर गये? क्योंकि जब मैने सुना तो मै भी समुन्द्र के किनारे गई  मैने भी पत्थर पर ‘रावण’ लिखा था और जैसे ही पानी में छोड़ा तो वो डूब गया  आपने ‘रावण’ लिखाकर वो पत्थर कैसे तैर दिए ? रावण ने कहा , प्रिय! अब तुमसे क्या छिपाना ? हर पत्थर पर रावण लिखा गया तब मै भी संदिग्ध था कि पत्थर डूबेगा या तैरेगा ? मैने पत्थर को हाथ में उठाया और मन ही मन उससे कहा,-“ हे पत्थर, तुम्हे राम की सौगंध है डूबना मत, तो ऐसा कहे हुए मैने पत्थर पानी में छोड़ दिया और पत्थर तैर गया। पत्थर पर भले ही ‘रावण’ शब्द लिखे हो , पर नीचे तो राम ही का नाम था। 

शिक्षा – यदि पता चल जाए की दुश्मन में भी खास रहस्य छुपा है तो आपकी सकारात्मकता इसमें है कि आप उस गुण को अपने जीवन में उतार लो, तुम्हारी ताकत ओर 10 गुनी बढ़ जायेगी। यदि आपकी सोच और विचार ठीक और बेहतर हे तो पूरी life बेहतर हो जाती है

Keywords:- Best Hindi motivational story, Hindi story, Hindi Stories, secret story , secret of ramayan, secret, hindi ramayan, Ramayana in hindi , Ramayana.


दोस्तो आज हम एक ऐसी कहानी लेकर आए है जो की पौराणिक काल से जुडी है । श्री राम ने समुद्र पर सेतु बना दिया था यह बात जब रावण को पता चली तो उ...

दोस्त हो तो ऐसा Hindi Story Of Friendship


        story on friendship 


दो best friends थे वे बड़े ही बहादुर थेA उनमे से एक ने बादशाह के अन्याय के खिलाफ आवाज उठाईA बादशाह बड़ा ही बेहरम थाA उसने उस नौजवान को फांसी पर लटका देने का आदेश दियाA नौजवान ने बादशाह से कहा – आप जो कर रहे है वो ठीक हैA मै ख़ुशी ख़ुशी मौत की गोद में चला जाऊंगाA लेकिन आप मुझे थोड़ी मोहलत दे दीजिए, जिससे मै अपने village जाकर wife और बच्चों से मिलकर आ जाऊ A

story on friendship


बादशाह ने कहा – नहीं, मुझे तुम पर विश्वाश नहीं हैA उस नौजवान का मित्र वहां मौजूद था A वह आगे बढ़कर बोला – मै अपने दोस्त की जमानत देता हूँ A अगर यह लौटकर न आये तो इसके बदले में मुझे फांसी पर चढ़ा देनाA बादशाह चकित रह गयाA उसने अब तक ऐसा आदमी नहीं देखा था, जो दोस्त के लिए अपनी जान देने के लिए अपनी जान देने को तैयार हो जाएA बादशाह ने उसकी प्रार्थना स्वीकार कर लीA उसे 6 घंटे का time दियाA नौजवान घोड़े पर सवार होकर अपने गाँव की ओर रवाना हो गया A

नौजवान के मित्र को जेलखाने में भेज दियाA नौजवान ने हिसाब लगाकर देखा और सोचा की वह 5 घंटे में अपने बच्चो और वाइफ से मिलकर वापिस आ जाऊंगा A
जब नौजवान अपने परिवार से मिलकर लौट रहा था तो उसका घोडा चक्कर खा कर गिर गयाA ऐसा गिरा की फीर वह उठ भी नहीं पायाA उस युवक ने बहुत कोशिश की ताकि घोड़ा उठ जाए, लेकिन घोडा नहीं उठ पायाA उस नौजवान ने सोचा ऐसे तो वो बहुत लेट हो जाएगा A इसलिय उसने घोड़े को वही पर ही छोड़ कर के ही बादशाह के महल की ओर रवाना हो गयाA

Read Also

दोस्तो पर शायरी | friends kaise ho hindi quotes


दो मेंढक Best Hindi Motivational Story


उधर 6 घंटे बीत जाने के बाद भी वह नौजवान नहीं लौटा तो बादशाह ने उस नौजवान के दोस्त को फांसी देने के लिए लाया गया A वह दोस्त बड़ा खुश था की आज उसकी जान उसके friends के कम आ रही हैA
बादशाह ने कहा – मुझे पता था यही होगाA
उस मित्र ने कहा- हजूर टाइम हो गया है आप मुझे फांसी दे दीजिएA

उसको फांसी के तख्ते पर चढाने की तैयारी की जाने लगीA तभी वो नौजवान हांफता हुआ वहा पर पहुच गया और अपने दोस्त से कहा की अब मेरे मित्र तुझे फांसी पर चढ़ने की कोई जरुरत नहीं है मै आ गया हूँ A
लेकिन उसका मित्र बोला – दोस्त तुम्हारा टाइम पूरा हो गया है इसलिए फांसी पर मुझे चढ़ाना चाइयेA
नौजवान बोला – नहीं मित्र फांसी की सजा मुझे मिली है तो फांसी भी मुझे ही होनी चाइयेA
बादशाह उन दोनों की बातों को सुन कर गद्गद हो गया और उसे सच्ची मित्रता को देखने का मौका मिलाA बादशाह ने खुश होकर उस नौजवान की फांसी की सजा माफ़ कर दी , दोनों मित्र ख़ुशी ख़ुशी अपने घरों की ओर रवाना हो गयेA


शिक्षादोस्तों आपको life में कई friends मिल जाएगे लेकिन सच्चा दोस्त वही होता है जो संकट में काम आयेA इस story से हमे यही शिक्षा मिलती है की जब दोस्त के साथ कोई समस्या आये या उस पर कोई संकट आये तब जो काम आये वो होता है दोस्तA


फ्रेंड्स आपको हमारी यह “ ऐसा हो दोस्त “ कैसी लगी comments करके जरुर बताएA आपको यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तों के साथ जरुर शेयर करे A


keywords :-  story on friendship, story of friendship, short story on friendship , good moral stories, best friend story, Story about friendship, friendship, friends.


        story on friendship  दो best friends थे वे बड़े ही बहादुर थे A उनमे से एक ने बादशाह के अन्याय के खिलाफ आवाज उठाई A बादशाह ...

आरक्षण का भुक्तभोगी हिन्दी कहानी


Story On Reservation Policy
हिन्दी कहानी " आरक्षण का भुक्तभोगी  "

'Good Morning Sir ' चपरासी ने विनम्रता के साथ  Files को Set कर रहे बड़े साहब का अभिवादन किया ।
'Good Morning , और रामलाल क्या हालचाल है? ' अपनी नजर उठाये बिना ही सिंह साहब ने पूछा ।
'सब ठीक है साहब! हमारे जिले के कलेक्टर साहब Transfer हो गया है ।'  रामलाल ने जानकारी देते हुए कहा ।
' क्या? कौन आया है अब उनकी जगह ' सिंह साहब ने आश्चर्य से पूछा ।
' कोई वर्माजी है साहब । '

reservation


'अच्छा ठीक है तुम जाओ और सुनो आज का अखबार चेम्बर मे पहुंचा देना ।' सिंह साहब ने आदेश देते हुए कहा ।
'जी साहब '
सिंह साहब अपने काम मे Busy हो गये और Table पर बिखरी फाइलों को निपटाने लगे।
इतने मे रामलाल अखबार लेकर आ गया और  पेपर Table पर रख कर चला गया ।

सिंह साहब फाइलों के ढेर से अपने आप को बाहर निकाल कर अखबार पढने लगे ।
' अरे यह क्या ? इसे तो मै जानता हूँ ।' अखबार मे छपी Photo देखकर मन ही मन कहा ।

स्मृति पटल पर पुराने दृश्य उभर कर सामने आने लगे । बचपन मे हम दोनो साथ ही पढते थे और हमेशा साथ साथ स्कूल जाते थे । हम दोनो के हालात एक जैसे ही थे । पर वर्माजी की जाति आरक्षण पाने वाली मे से थी इसलिए उसे Government की तरफ से Help भी मिलती थी। लेकिन मुझे कुछ नही मिलता था क्योंकि मे General Category से था ।

12 वी की परीक्षा First Division से Pass करने के बावजूद शहर की College मे प्रवेश नही मिला । जबकि वर्माजी के काम Marks के बावजूद selection हो गया ।

Read Also
      आरक्षण व्यवस्था पर निबंध 


उस वक्त मुझे बड़ा आश्चर्य हुआ ऐसा क्यो?
तब मेरा आरक्षण से पहली बार सामना हुआ   । उसके बाद तो यह सिलसिला चलता ही रहा । अच्छे Marks आने के बावजूद भी न कोई Government की तरफ से छात्रवृति मिलती और न कोई सरकारी नौकरी मे फायदा मिलता । लेकिन आरक्षण से कम अंक वाले आगे आने लगे और Government Job पाने लगे ।

कडी मेहनत और नियमित परिश्रम से RAS Exam मे अच्छे अंक प्राप्त करने के बाद भी Selection नही हुआ और वर्माजी का आरक्षण ( Reservation ) की वजह से कम नंबर आने के बाद भी सलेक्शन हो गया।
योग्यता होने के बावजूद वे सिर्फ एक सरकारी बाबू बन कर रह गए । और कई सालो से प्रमोशन नही हुआ लेकिन वर्माजी Promotion से कलेक्टर बन गये ।

अखबार मे छपी अपने बचपन के दोस्त की Photo देखकर मन ही मन खुश हो रहे थे कि   उनका Friends आज बडी पोस्ट पर पहूँच गया ।
लेकिन एक ओर यह सोच कर दुखी हो रहे थे कि इस देश का क्या हाल होगा ?

Read Also
  कहानी कुत्ते की सभा - आरक्षण


जब कम नंबर वाले अफसर बन रहे है और ज्यादा नंबर वाले बेरोजगार घुम रहे है।
जहाँ देखो वहा Reservation का ही बोलबाला है।  सिंह साहब मन ही मन इस व्यवस्था को कोसने लगे ।
फोन की घंटी के साथ ही स्मृति से बाहर आए और Phone Received किया " हैलो "
' हैलो, पापा मै बोर्ड परीक्षा मे जिले मे प्रथम स्थान पर आया हूँ '  सिंह साहब के बड़े बेटे हनी ने उत्साह के साथ जानकारी दी ।
' बहुत अच्छा, शाबास बेटा' कहकर सिंह साहब ने फोन काट दिया ।

मन ही मन कहने लगे ' बेटा मै जानता हूँ मै आरक्षण का भुक्तभोगी हू मुझे पता है कि क्या फायदा मेरिट मे आने का । आरक्षण प्रतिभा को दबा देगा कभी आगे बढने नही देगा और बेटा तुम्हे इसका आभास हो जाएगा ।
खैर जो होगा देखा जायेगा  । बेटा तुम Success हो और आशा करूगा की तुम "आरक्षण के भुक्तभोगी " न बनो ।
दिल से बेटे को दुआ देते हुए सिंह साहब फाइलों के साथ माथापच्ची करने लगे ।


दोस्तो आपको हमारी यह " आरक्षण का भुक्तभोगी" कहानी कैसी लगी और आपके आरक्षण पर क्या विचार है comments box मे जरूर बताय और यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे ।


Keywords:- Reservation, Indian rail reservation, reservation policy, hindi kahani, hindi stories, best hindi story , story on reservation.



Story On Reservation  Policy हिन्दी कहानी " आरक्षण का भुक्तभोगी  " 'Good Morning Sir ' चपरासी ने विनम्रता के साथ  Fil...

दीपावली पर निबंध | Essay On Deepawali In Hindi


दोस्तो हमारा देश पर्व और त्योहारों का देश है । यहा पर Everyday कोई न कोई Festival जरूर Celebrate किया जाता है।
Friends Festival हमारे मन मे उमंग और उत्साह का संचार करते है। India मे हिन्दू हो या मुसलमान या जैन सभी धर्म के उत्सव हर्षोल्लास से मनाते है ।
होली, दीपावली, रक्षाबंधन, आखातीज, करवा चौथ, कजली तीज, जन्माष्टमी, गणगौर आदि हिन्दुओ के प्रमुख त्योहार है । इनके अलावा भी बहुत से Festival Celebrate किए जाते है ।
दीपावली हिन्दुओ की Most festival है । आज हम दीपावली पर सम्पूर्ण जानकारी देगे।

deepawali kyu manate hai


दीपावली पर निबंध 

     In This Post
1. दीपावली क्यों मनाई जाती है? Diwali Kyo Manate Ha?
2. दीपावली कब मनाई जाती है? When Diwali Celebrate?
3. दीपावली कैसे मानते है? How To Celebrate Diwali?
4. दीपावली का महत्व।


1. दीपावली क्यों मनाई जाती है? Diwali Kyo Manate Hai?

      Friends कई लोगो के मन मे questions होगा कि दिवाली क्यों मनाई जाती है ? तो आपके सवाल का जवाब अब मिल जाएगा।
दिवाली मनाने के पीछे एक बहुत बडा कारण है ।
दिवाली क्यों मनाते है?
      रामायण काल की बात है । जब प्रभु श्रीराम लंका नरेश रावण का वध करके और 14 वर्ष का वनवास पूर्ण करके जब अयोध्या वापिस लौटे थे तब अयोध्या वासियों से खुशी से पुरे अयोध्या नगर को दीपक से सजा दिया । और चारो दीपक ही दीपक थे और उनका प्रकाश से पुरा नगर जगमगा गया। इस कारण हम इस को दीपावली या दिवाली कहते है।

   भगवान श्रीराम के पिता के दिए वचन निभाने के लिए 14 वर्ष का वन मे व्यतीत किए वो हमारे सामने पितृभक्ति का अनूठा उदाहरण है । श्री राम के अयोध्या लौटने की खुशी मे हि दीपावली ( Deepawali ) का त्योहार मनाया जाता है।

Read Also

दीपावली कब मनाई जाती है?

      Friends Diwali Festival प्रतिवर्ष कार्तिक मास की अमावस्या को मनाया जाता है । कहा जाता है कि जब भगवान अयोध्या पधारे थे, तब अमावस्या थी और दीपकों की रोशनी से अमावस्या की रात्रि को पूर्णिमा की रात्रि बना दिया ।
विशेष :- दोस्तो इस बार की दीपावली  कार्तिक मास की अमावस्या दिनांक 30 अक्टूबर , 2016  को मनाई जाएगी ।

दीपावली कैसे मनाते है?

     दिवाली को बड़े ही शानदार तरीके से Celebrate किया जाता है।  दिवाली की रात्रि ( अमावस्या की रात्रि ) को सभी लोग अपने घरो को दीपकों की रोशनी से सजाते है। 
युवा इस दिन पटाखे उर आतिशबाजी करके श्रीराम के अयोध्या लौटने की खुशी मनाते है। इस दिन विशेष पूजा पाठ भी किया जाता है।



दीपावली का महत्व

      Friends दिवाली का पर्व अपने आप मे एक प्रेरणादायी त्यौहार है । जब दीपक की रोशनी से सारा आसमान जगमगाता है तो मन मे एक नवीन प्रकार की ऊर्जा का संचार होता है जो की Body और Mind दोनो के लिए Useful होती है।
दिवाली के दिन सभी भाई लोग आपस मे मिलते है जिससे भाईचारा बढता है ।
दीपावली धर्म पर चलने का तथा अपने वचन को निभाने का हौसला बुलंद करती है ।

Read Also
     हिन्दी कविताएँ

दीपावली पर मनाए जाने वाले त्यौहार


      दोस्तो Diwali तो कार्तिक अमावस्या को मनाई जाती है । लेकिन इससे Related ओर भी त्यौहार मनाए जाते है - 

  नवरात्रा
          दिवाली से 20 दिन पहले अश्विन शुक्ल पक्ष एकम् से नवम तक देवी के नौ रूपो की पूजा की जाती है। 

   विजयादशमी
          अश्विन शुक्ल पक्ष दसम् को विजयादशमी का पर्व मनाया जाता है । इस दिन श्रीराम ने रावण का वध किया था इसलिए इस दिन रावण, कुम्भकर्ण और इन्द्रजीत के पुतले जलाए जाते है । 

    धनतेरस
        इस दिन धन की देवी लक्ष्मी जी की पूजा अर्चना की जाती है । यह त्यौहार कार्तिक कृष्ण पक्ष की 13  को मनाया जाता है। इस दिन खरीदारी करना शुभ माना जाता है ।

     रूप चतुर्दशी
   यह त्यौहार दिवाली से एक दिन पहले कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की 14 को मनाया जाता है। इस को छोटी दीपावली भी कहते है ।
इस दिन स्त्रियाँ सुबह जल्दी उठकर स्नान करती है और सुन्दर रूप की कामना करती है ।

 गोवर्धन पूजा
   जब इन्द्र देव ने गोकुलवासियों से नाराज होकर उन्हे सबक सीखाने के लिए जोरदार बारिश की तब श्री कृष्ण ने अपनी एक अगुंली पर गोवर्धन पर्वत को उठा कर गोकुल के लोगो की रक्षा की थी । इसलिए इस दिन को गोवर्धन पर्वत की पूजा की जाती है।
यह पूजा कार्तिक शुक्ला एकम् को की जाती है । 


    भैयादूज
         भाई - बहन का त्यौहारी भैयादूज कार्तिक शुक्ला द्वितीया को मनाया जाता है ।
   
    
दोस्तो आपको हमारा यह " दीपावली पर निबंध " Post कैसी लगी । यदि आपके पास भी दीपावली से जुडी कोई कहानी हो तो हमारे साथ comments box मे जरूर share करे ।


Keywords:- Best Hindi motivational story , Deepawali ,Diwali, Deepawali Kyu Manate Hai? , Deepawali Kaise Mnate Hai? , Diwali Kab Manate Hai ?, दिवाली पर निबंध , दिवाली की कहानी ।

दोस्तो हमारा देश पर्व और त्योहारों का देश है । यहा पर Everyday कोई न कोई Festival जरूर Celebrate किया जाता है। Friends Festival हमार...

दोस्तो पर शायरी | friends kaise ho hindi quotes


दोस्तो friendships दुनिया मे सबसे शक्तिशाली word है   दोस्ती के लिए लोग अपनी जान की बाजी लगा देते है । श्री कृष्ण और सुदामा की दोस्ती की मिसाल आज भी लोग देते है ।
Friends आज हम इस post मे कुछ दोहे , shayari, quotes प्रस्तुत कर रहे है जिनके अनुसार दोस्त कैसे हो ? कैसे को दोस्त नही बनाए ? दोस्ती कैसी हो ?

Friendships पर Quotes, Shayari

Friends kaise ho

दोस्त कैसे हो ? Friends kaise ho

"मुख मीठा सज्जन घणा मिल जा मित्र अनेक,
काम पड्यां कायम रहे सो लाखन मे एक ।"

कभी जीवन मे ऐसा वक्त आ जाए कि तुम्हारा कोई भी न बचा हो ऐसे मे जो तुम्हारे काम आ जाए वही वास्तविक मित्र है ।

     "मित्र ऐसा कीजिए, ढाल सरीखो होय ।
   दुख में तो आगे रहे, सुख मै पाछो होय ।।"
अर्थात मित्र ढाल के समान होना चाहिए जो भले ही पीठ पर रहे पर संकट के समय में हमारी रक्षा के लिए आगे होता जाये ।

राजस्थानी साहित्य मे नीतिगत सीख

कैसे मित्र नही करने चाहिए ।( Kaise Friends Nahi Banane Chaie )


     " स्वार्थी और कपटी मित्र से अच्छा है  बिना मित्र के ही रहा जाए ।"

" सिंहन के वन में वसिये, जल में घुसिये, कर में बिछुलीजे ।
कानखजुरे को कान मे डारि के, सांपन के मुख अगुंली दीजे ।।
भूत पिशाचन में रहिये अरू जहर हलाहल घोल के पीजे ।
जो जग चाहै जिओ रघुनन्दन, मुरख मित्र कदे नही कीजे ।।"

सांप, बिच्छु और कानखजुरे उतने खतरनाक नही होते और जहर भी उतना नुकसानदेह नही होता है जैसा मूर्ख मित्र ( friends )।
मूर्ख मित्र की बजाय बुद्धिमान दुश्मन कही ज्यादा अच्छा होता है । इसलिए कहते है -
" सांड के अगाडी से खतरा , गधे के पिछे से खतरा पर मुर्ख मित्र के तो चारो ओर से खतरा है ।

ओशो के अनमोल विचार

friendship कैसी हो ?

       दोस्त हो कृष्ण सुदामा जैसी हो । जिसमे श्री कृष्ण राजा होने के बावजूद सुदामा के चरण धोए और आदर सम्मान देकर एक friend

I am Flowers, My Rose is you.
I am Diamond. My Kohinoor is you.
I am Sky, My Moon is you.
I am River , My Boat is you.
I am just Friend but best Friend is you .


friends आपको हमारी यह post कैसी लगी comments करके जरूर बताय और यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे ।

Keywords:- Best Hindi quotes, friends kaise ho , friendship quotes , quotes in hindi , hindi friendships quotes , दोस्ती पर शायरी, दोस्ती पर कथन ।


दोस्तो friendships दुनिया मे सबसे शक्तिशाली word है   दोस्ती के लिए लोग अपनी जान की बाजी लगा देते है । श्री कृष्ण और सुदामा की दोस्ती की...

आत्मविश्वास की शक्ति | Power Of Self Confidence


Friends इस दुनिया मे सब Success होना चाहते है लेकिन क्या आप जानते है Success होने के लिए क्या जरूरी है ? 
Success होने के लिए self confidence कैसे आवश्यक है ?
Self Confidence से क्या हो सकता है ? 

आप के इन सभी प्रश्नो के उत्तर छिपे है इस कहानी मे  तो आप यह Story carefully read किजिए आपको अपने all questions के answers  मिल जाऐंगे ।

Power Of Self Confidence 


एक समय की बात है । एक राजा पर किसी दूसरे राजा ने हमला बोल दिया । जिस राजा ने हमला किया वो बहुत Powerful  था। सेनापति ने राजा को Advice दी कि - महाराज! आत्मसमर्पण  (surrender ) कर दीजिए क्योंकि सामने वाली Army हमसे दुगुनी है। शस्त्र और हथियार भी अपने से ज्यादा Fast है। वे ज्यादा प्रशिक्षित सैनिक  ( Trained soldier )  है ।

power of self confidence


राजा को भी लगा कि सेनापति ( Commander )  ठीक कह रहा है, जब सेनापति ही ठंडा पड रहा है तो अपनी बंदूक किसके उपर रखेगा? आत्मसमर्पण की बात आ गई राज्य मे ढिंढोरा पीट दिया गया कि surrender कल सुबह होगा । तभी साँझ को एक संत आए । संत ने राजमहल मे खडे होकर कहा - महाराज , यह मै क्या सुन रहा हूँ कि आप आत्मसमर्पण कर रहे है ? मरने से पहले मर रहे है आप।

प्रेरणादायी कहानियाँ Motivational story

राजा ने कहा - आप कहना क्या चाहते है?
संत ने कहा - राजन्! मै अभी अभी देवी के मंदिर से आ रहा हूँ । देवी ने मुझे आशीर्वाद दिया है और कहा कि जाओ , राजा से कह दो कि मेरा आशीर्वाद तेरे साथ है । तू लडाई कर , युद्ध मे विजय तेरी होगी ।

राजा ने सोचा कि यह देवी के आशीर्वाद का प्रसंग कहा से आ गया?
राजा संत से बोले - क्या सबूत ( Evidence )  है आपके पास कि आप देवी का आशीर्वाद लेकर आये हो , कही मै मारा गया तो? कही यह सेना पीछे हट गई तो? राजा ने जैसे ही आशंका जताई कि सेनापति ने भी अपनी तरफ से comment किया । 

संत ने कहा - ठहरो, मेरे पास एक सिक्का ( coin ) है अभी वो सिक्का उछाल कर देख लेते है। अगर सिक्का सीधा गिरा तो तुम जितोगे और अगर सिक्का उल्टा गिरा तो तुम हारोगे ।

बात पक्की हो गई । संत ने हाथ सीधा जेब मे डाला और सिक्का निकाल कर सिक्का आसमान मे उछाला। सिक्का जैसे ही जमीन पर गिरा तो संत ने ताली बजा दी और कहा कि देखो , सिक्का सीधा गिरा है। 

Commander ने कहा - भले ही coin सीधा गिरा हो पर मै सहमति नही रखता उस सामने वाले से मुकाबला करने के लिए।
संत ने गरजकर कहा - हट रे सेनापति! बुजदिल कही का । अरे तेरे भरोसे कोई युद्ध जीते जाएँगे?
कायरता और नपुंसकता के सहारे कोई लड़ाई जीती जा सकती है?
हटो! मै बनता हूँ सेनापति, आओ हम लोग युद्ध के लिए रवाना होते है । 

राजा ने पूछा - आप तो संत हो , आपने तलवार कभी हाथ मे उठाई भी है ?
संत ने कहा - इसका निर्णय युद्ध के मैदान मे होगा ।
        
संत को सेनापति बना दिया गया संत चढ गया रथ पर । गुल्ली डंडा भी खेलना आता नही होगा , पर जोश जगा दिया सेना मे और निकल पडी सेना कि देवी का आशीर्वाद साथ मे है । अब तक तो सेनापति की बुजदिली साथ मे थी । 

सेना रणक्षेत्र मे पहुंची भी नही थी कि संत ने कहा - ठहरो , मै देवी के मंदिर मे यज्ञ कर लेता हूँ , पूजा अनुष्ठान कर लेता हूँ और फिर तुम लोगो को बता देता हूँ कि यहाँ पर भी देवी का आशीर्वाद क्या है ? बस उसने यज्ञ किया । फिर उसने वही सिक्का निकाला। सेना पुरी उत्सुकता से तैयार होगा गई , सिक्का उछाला गया और जैसे ही सिक्का आ कर गिरा , सिक्का सीधा गिरा और पूरी सेना मे जोश जंग गया किया देवी भी हमारे साथ है , सारे देवता भी हमारे साथ है।

     सभी युद्ध के मैदान मे पहुंच गए, सामने इतनी भयंकर सेना को देखकर, एक बार तो सभी काँप गए । संत को भी लगा कि शायद कुछ गडबड हो रहा है।
उसने कहा - ठहरो, एक बार फिर सिक्का उछालकर देख लेते है ताकि मन की शंका निकल जाए और उसने युद्ध के मैदान मे फिर सिक्का उछाला । सिक्का फिर सीधा गिरा। जैसे ही सैनिको ने देखा कि अब भी देवी माँ का आशीर्वाद हमारे साथ है, सेना मे चार गुनी ताकत आ गई और भिड़ पड़े । 

लोग समझ रहे थे महीनो युद्ध चलेगा पर सूर्यास्त नही हुआ । उसके पहले जीतकर लौट आए ।
          
संत की जय जयकार होने लगी । संत वापस आया और राजा का अभिवादन किया । राजा ने कहा - सब देवी माँ की कृपा है ।
संत ने कहा - राजन् ! यह देवी माँ की कृपा से ज्यादा सैनिको के भीतर आत्मविश्वास ( Self Confidence ) और जोश का Results है । 

राजा बोले - तुम कहना क्या चाहते हो ?
संत ने जेब मे हाथ डाला , सिक्का निकाला, फिर उछाला, सिक्का सीधा आकर गिरा । संत ने राजा से कहा - राजन्! सिक्का लो हाथ मे और उछालो । राजा ने सिक्का सीधा गिरा । राजा ने सैनिको को सिक्का दिया उन्होंने भी उछाला तो भी सिक्का सीधा गिरा । सब लोग भौचक्के रह गए । 

संत ने रहस्य ( secret) खोला और कहा - सिक्के को जब भी गिराओगे यह सीधा ही गिरेगा क्योकि इसमे उल्टे वाला भाग है ही नही ।
इधर भी सीधा है और उधर भी सीधा है , अब तुम उल्टा लाओगे कहाँ से ।

शिक्षा Moral
      सफलता ( Success ) का एक ही secret है अपना सिक्का हमेशा सीधा रखो ।  अर्थात हमेशा कैसी भी समस्या हो confidence के साथ उसका सामना करना चाहिए । Success होने के लिए  self confidence बहुत जरूरी है ।

Read Also 



दोस्तो आपको हमारी यह post कैसी लगी comments करके जरूर बताय और यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे ।


Keywords:- Best Hindi Inspirational ideas, power of self confidence, self confidence , confidence, आत्मविश्वास , hindi story , hindi motivational story , inspired story 


Friends इस दुनिया मे सब Success होना चाहते है लेकिन क्या आप जानते है Success होने के लिए क्या जरूरी है ?  Success होने के लिए self co...

नवाबजादा, सहजादा और हरामजादा हिन्दी कहानी


Hindi Motivational story 


एक समय एक राजकुमार कही जंगल मे घूमने गया । अकेला था , उसे प्यास लगी तभी एक कुआ दिखाई दिया वह वहाँ गया लेकिन वहाँ जाके बैठ गया सोचा कोई आयेगा तो पानी पिला देगा , मुझे तो बस Order देना है । क्योंकि मै स्वयम् कुएँ से पानी निकालूं तो मेरी  शान कम हो जाएगी क्योंकि मै तो नवाबजादा हूँ ।



थोडी देर मे एक व्यक्ति और आया वो भी प्यासा था लेकिन बाल्टी ,कुआ देखकर वो भी बैठ गया नवाबजादा बोला अरे भाई! जरा पानी पिलाना ।
वह आदमी बोला तुम स्वयँ उठ के पी लो ।
राजकुमार बोला मै नही पी सकता क्योंकि मै पानी कुएँ से नही निकाल सकता ।
उस व्यक्ति ने पूछा क्यो ?
राजकुमार बोला क्योंकि मे नवाबजादा हूँ ।
वह व्यक्ति बोला तो पानी तो मुझे भी पीना है पर मै भी कुएँ से पानी नही निकाल सकता क्योंकि मै सहजादा हूँ
मै अगर पानी की बाल्टी भरूंगा तो मेरी नाक नीची हो जाएगी ।

दोनो बैठ गए तभी वहाँ एक गरीब व्यक्ति लेकिन शरीर का हट्ठा - कट्ठा था आया उसे भी प्यास लगी थी उसने तुरंत बाल्टी उठायी रस्सी पकडी और बाल्टी कुएँ मे डाली पानी निकाला पिया।

 इतने मेल नवाबजादा और सहजादे ने कहा अरे भाई हमको भी पानी पिला दो , हम भी प्यासे है । वह जवान व्यक्ति बोला आप तो यहाँ पहले से मौजूद है , आपने पानी क्यो नही पिया ?

उन्होंने उत्तर दिया पानी पीये कैसे मै नवाबजादा हूँ और ये सहजादा है । हम पानी की बाल्टी नही खींच सकते क्योंकि हमने कभी पानी की ग्लास भी नही भरी है ।

तो उस जवान व्यक्ति ने कहा अच्छी बात है । अब तो मै भी तुम्हे पानी नही पिलाऊंगा, क्योंकि तुम हो नवाबजादा और यह सहजादा वह बाल्टी कुए मे गिराकर बोला और मै हू हरामजादा तुम आलसी लोगो के लिए यही सजा है ।

शिक्षा  Moral

   जो व्यक्ति आलसी होता है वह सरोवर के तट पर भी बैठकर प्यासा रह जाता है और हमेशा हमेशा के लिए उसके जीवन मे सफलता के द्वारा बंद हो जाते है ।

इसलिए आलस्य न करे । अपने काम नियत समय पर करे और स्वयँ करने मे नि हिचकियाए ।

Read Also

[ज्ञान द्रष्टा: रामायण की प्रेरणादायी कहानी | Ramayana Inspiring Story In Hindi]


[ज्ञान द्रष्टा: दो मेंढक Best Hindi Motivational Story] 


आपको हमारी यह " नवाबजादा, सहजादा और हरामजादा हिन्दी कहानी " कैसी लगी comments करके जरूर बताय और यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे ।


 Keywords :- Best Hindi Inspirational ideas , Best Hindi Inspirational story, hindi motivational story , lazy men , 2 lazy men story , story in hindi .

Hindi Motivational story  एक समय एक राजकुमार कही जंगल मे घूमने गया । अकेला था , उसे प्यास लगी तभी एक कुआ दिखाई दिया वह वहाँ गया लेकिन व...

रामायण की प्रेरणादायी कहानी | Ramayana Inspiring Story In Hindi


आप छोटे बच्चे है तो भी चिंता न करे , अगर आप निर्धन है तब भी फिक्र नि करे - जिस तरह भी आप औरो के काम आ सकते है आने की कोशिश करे ।
Best Hindi Inspiring Story
अब आपके मन मे सवाल होगा कि ऐसा कैसे हो सकता है ? छोटे , बड़े की Help कैसे कर सकते है ? 
तो आपके इन सभी सवालो के जवाब चुपे है रामायण की इस motivational घटना मे । 

Ramayan inspiring story


रामायण की प्रेरणादायी कहानी
Ramayana inspiring story 

जब श्री राम ने लंका विजय अभियान start किया । समुद्र पार करने के लिए समुद्र पर पत्थरों का पुल बनाना शुरू किया । पत्थर पर पत्थर लगाए जा रहे थे कि श्री राम ने देखा एक गिलहरी (Squirrel) पानी मे जाती है , फिर मिट्टी पर आती है और फिर पत्थरों के बीच जाती है। वापस आती है फिर पानी मे जाती है , मिट्टी पर आती है और फिर पत्थरों के बीच चली जाती है । वह बार बार लगातार यही किए जा रही थी ।

संत कृपाराम के अनमोल कथन

श्री राम ने सोचा, आखिर यह गिलहरी कर क्या रही है । उन्होंने हनुमानजी से कहा , इस गिलहरी को पकडकर लाओ तो । हनुमानजी गिलहरी को पकड कर लाये और रामजी के हाथ मे दे दी ।

रामजी ने गिलहरी से पूछा ,- तुम यह बार बार क्या कर रही हो ? मै समझ नही पा रहा हूँ । तुम पानी मे जाती हो , फिर आकर मिट्टी मे लोटपोट होती हो , फिर पत्थरों के बीच जाती हो और कुछ करके वापिस आ जाती हो ।
इस पर उसने कहा ,' भगवान! मैने सोचा , पतिव्रता सीता माता की रक्षा के लिए , उसकी आन - बान और शान रखने के लिए आप लंका पर चढाई करने जा रहे है , वानरों की सेना आपके साथ, युद्ध मे सहयोगी बन रही है तो मैने सोचा मै भी सहयोगी बनू । मेरे पास और तो कुछ help करने के लिए नहीं था क्योंकि इन पत्थरों को उठाने की क्षमता ( Power ) तो मुझमे नही है तो मैने सोचा इन पत्थरों के बीच मे जो खाली जगह है उसे मिट्टी डाल डालकर बर दूं , ताकि जब आप सेना सहित इस पर से गुजरें तो ये पत्थर आपको न चुभे ।

भगवान श्रीराम ने कहा, ' गिलहरी, तू महान Great है, पर एक बात तो बता । यहाँ तो इतनी बडी सेना ( Army ) है और तू छोटी सी बार बार आ जा रही है, अगर किसी के पाँव के नीचे आकर मर गई तो ?
'गिलहरी ने कहा , ' प्रभु! तब मै यह सोचूंगी कि नारी जाति के शील और धर्म को बचाने के लिए जो युद्ध लडा गया उसमे सबसे पहले मै काम आई ।'
तब श्रीराम ने गिलहरी की पीठ पर स्नेह प्रेम और वात्सल्य से भरकर अगुलियाँ चलाई और कहते है कि गिलहरी की पीठ पर फेरी भगवान की अगुलियाँ के निशान आज भी दिखाई देती है और श्रीराम ने कहा ' लंका विजय अभियान मे सबसे बडा सहयोग तुम्हारा है ।
शिक्षा Moral
         तुम छोटे हो तो यह मत सोचो कि तुम कुछ नही कर सकते । जो तुम्हारी हैसियत है तुम उतना तो करो । जो औरो के वक्त - बेवक्त मे काम आता है । उनका वक्त बेवक्त नही आता है , जो दूसरो के लिए आहूति देता है। ईश्वर के घर से उसके लिए आहुतियाँ समर्पित होती है ।



आपको हमारी यह post कैसी लगी comments करके जरूर बताय और यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे ।

  Read also

सफलता और मेहनत पर अनमोल कथन | success quotes in hindi 
~~~~~~~~~~~~~~~

3 प्रसिद्ध ट्रेवलर के अनमोल कथन | Motivational quotes in hindi 
~~~~~~~~~~~~~~~
माँ पर शायरी  | quotes on maa in hindi 
☆☆☆📙📔📘📒📗

Keywords :- Best Hindi Inspirational ideas , Best Hindi motivational story , motivational story, inspired story , inspirational ideas ,Squirrel story , Ramayana story , The hindu 


आप छोटे बच्चे है तो भी चिंता न करे , अगर आप निर्धन है तब भी फिक्र नि करे - जिस तरह भी आप औरो के काम आ सकते है आने की कोशिश करे । Best H...

सफलता की कीमत संघर्ष | How to success


दोस्तो हमारी परीक्षा लेने के लिए Life मे कभी जीत की खुशियाँ आती है, तो कभी गम मिलते है ।यह हम पर निर्भर करता है कि उनका सामना कैसे करे । जीत कोशिश किए बिना नही मिलती ।

How to success


कहानी
Biology के एक Teacher अपने students को पढा रहे थे कि सूँड़ी (कीट) तितली मे कैसे बदल जाती है । उन्होंने students से कहा कि कुछ घंटो मे तितली अपनी खोल से बाहर निकलने की कोशिश करेगी । उन्होंने students को आगाह किया कि वे खोल से बाहर निकलने मे तितली की Help न करे । इतना कह कर वे lab से बाहर चले गए ।

   छात्र wait करते रहे । तितली खोल से बाहर निकलने के लिए संघर्ष करने लगी । एक student को उस पर दया आ गई । अपने अध्यापक की सलाह न मानकर उसने खोल से बाहर निकलने का प्रयास कर रही तितली की Help करने का फैसला किया । उसने खोल को तोड़ दिया , जिसकी वजह से तितली को बाहर निकलने के लिए अधिक मेहनत नही करनी पडी । लेकिन थोडी देर मे वो मर गई ।



वापस लौटने पर शिक्षक को सारी घटना मालूम हुई । तब उन्होंने students को बताया कि खोल से बाहर निकलने के लिए तितली को जो संघर्ष करना पडता है , उसी वजह से उसके पंखो को मजबूती और शक्ति मिलती है। यही प्रकृति का नियम है । तितली की Help करके student ने उसे संघर्ष करने का मौका नही दिया । Results यह हुआ कि वह मर गई ।

        अपनी Life मे भी यही Rule लागू किजिए । Life मे कोई भी चीज बिना Hard Work के नही मिलती । जो माँ - बाप अपने बच्चो को संघर्ष करने का मौका नही देते वे अपने बच्चो को नुकसान पहुंचा रहे है । क्योंकि बिना संघर्ष हालात इस तितली जैसी हो जाती है ।
Success होने के लिए बहुत बडी कीमत अदा करनी पडती है और वह कीमत है - संघर्ष !
World मे हर व्यक्ति सफलता प्राप्त करना चाहता है पर वो इसके लिए मेहनत नही करना चाहता । किसी भी चीज को पाने के लिए कीमत चुकानी बहुत आवश्यक है ।
मुफ्त मे मिली चीज किसी काम की नही होती ।

प्रेरणा 
     किसान 4 month hard work करता है तब उसे एक दाने से अनेक दाने प्राप्त होते है और अनाज को बो के घर सो जावे तो कुछ प्राप्त नही होगा । स्पष्ट है बिना कीमत चुकाये कुछ भी हासिल नही होता है । इसलिए सफलता की कीमत संघर्ष है ।



आपको हमारी यह post कैसी लगी comments करके जरूर बताय और अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे । 


दोस्तो हमारी परीक्षा लेने के लिए Life मे कभी जीत की खुशियाँ आती है, तो कभी गम मिलते है ।यह हम पर निर्भर करता है कि उनका सामना कैसे करे ।...

सकारात्मक सोच का महत्व | power of positivity


Friends प्रत्येक व्यक्ति इस दुनिया मे व्यक्तित्व निर्माण करना चाहता है, लेकिन वह अपनी मजबूरियाँ गिनाकर अपने आप को एक असमर्थ व्यक्ति के रूप मे प्रस्तुत करता है, और यह मजबूरियाँ क्या हो सकती है ? आप जरा सोचे ! व्यक्ति कहता है कि मै क्या करू, मेरा परिवार मेरा साथ नही देता , मेरे पास money नही है , मेरे पास कला नही है आदि आदि .....

positivity


लेकिन क्या आपको यह सब बहाने निराधार नही लगती ? क्योंकि इस दुनिया मे महान व्यक्तित्व का निर्माण करने वाले या सफलता प्राप्त करने वाले लोग इस सारी परिस्थतियों  का सामाना कर के ही महान व सफल व्यक्ति बने है ।

इस दुनिया मे यदि आपको कुछ भी बनना है तो  उसके लिए किसी भी प्रकार की प्रतिकूलता स्वीकार कर लो पर शर्त यह है कि आपका नजरिया अनुकूल होने चाहिए । अर्थात आपकी सोच सकारात्मक होनी चाहिए। जिस व्यक्ति की सोच सकारात्मक होती है वह व्यक्ति इस दुनिया मे बड़ी से बडी जंग जीत सकता है । जिसकी सोच सकारात्मक है वह कई बार हार के भी नही हारता आशावादी बनो और अपनी Life मे सफलता हासिल करो ।

दृष्टांत
         एक आदमी के जिन्दगी की कहानी बडी मशहूर है। यह आदमी 21 साल की उम्र मे बिजनेस मे नाकामयाब हो गया, 22 साल की उम्र मे वह एक चुनाव हार गया , 24 की उम्र मे उसे व्यापार मे फिर असफलता मिली, 26 साल की उम्र मे उसकी पत्नी मर गई , 27 साल की उम्र मे उसका मानसिक संतुलन बिगड गया , 34 साल की उम्र मे वह कांग्रेस का चुनाव हार गया , 45 साल की आयु मे उसे सीनेट के Election मे हार का सामना करना पड़ा , 47 साल की उम्र मे वह उपराष्ट्रपति बनने मे असफल रहा , 49 साल की आयु मे उसे सीनेट के एक और चुनाव मे नाकामयाबी मिली और वही आदमी 52 साल की आयु मे अमेरिका का राष्ट्रपति चुना गया । वह आदमी अब्राहम लिंकन था ।

क्या आप लिंकन को असफल मानेंगे ? वह शर्म से सिर झुका कर मैदान से हट सकते थे, और अपनी वकालत फिर शुरू कर सकते थे, लेकिन लिंकन के लिए हार केवल भटकाव थी , सफर का अन्त नही ।

आपकी सोच ही आपको सुखी करती है , और आपकी सोच ही आपको दुःखी करती है ।

दुनिया आपकी मुट्ठी मे आ जाए उसके लिए कोई तंत्र मंत्र नही है या कोई ऐसा जादू नही हो सकता जिससे दुनिया आपकी मुट्ठी मे आ जाये लेकिन यह आपका सपना जरूर हो सकता है। अगर आप अपने सपने को संकल्प मे बदल दे तो जरूर दुनिया आपकी मुट्ठी मे होगी .........

  जो आप है और जो आप होगे , सपने उसका अंतराल है ।

धीरूभाई अंबानी ने भारत को डिजिटल करने का सपना देखा था। धीरूभाई का सपना था कि मै india के हर नागरिक के हाथ मे mobile phone देखूं और वह इसके द्वारा 1 मिनट की बात 1 रूपये से भी कम मे कर सके , और आज वह दिन आ गया है । लेकिन यहाँ जो महत्वपूर्ण बात है जो यह है कि रिलायंस कम्पनी के मालिक धीरूभाई ने जब यह सपना देखा था तब 1 मिनट की काल के 16 रूपये लगते थे ।



इसी तरह जब हर उत्पाद , सेवा और मद दिनो दिन महँगे होते जा रहे थे , तब रतन टाटा ने एक लाख रुपए की कार का सपना देखा था और नेनो को सामने लाकर उन्होने इस सपने को साकार भी कर लिया ।
हमे सपने देखने चाहिए । लेकिन यहाँ जो बात महत्वपूर्ण है, वह यह है कि इन सभी महान स्वप्नद्रष्टाओं ने इन सपनो को सर्वोतम काल और परिस्थतियों मे नही बल्कि बड़े कठिन समय मे देखा था ।
आप कठिन दिनो का सामना कर सकते है । आप कठिन दिनो से दो दो हाथ भी कर सकते है । लेकिन सपने जरूर देखे । जो आप है और आप होंगे , सपने उसका अंतराल है ।

मानव मन मे जो कल्पना कर सकता है , वह जो विश्वास कर सकता है , उसे प्राप्त भी कर सकता है। आपको कुछ करने की शक्ति दिए बिना , ईश्वर आपको उसे करने का विचार भी नही देता । 
सकारात्मक सोच और सपने को पुरा करने का जुनून आपको सफल बनाता है ।


आपको हमारी यह post  कैसी लगी comments करके जरूर बताय और यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे ।

Friends प्रत्येक व्यक्ति इस दुनिया मे व्यक्तित्व निर्माण करना चाहता है, लेकिन वह अपनी मजबूरियाँ गिनाकर अपने आप को एक असमर्थ व्यक्ति के रू...

सफलता और मेहनत पर अनमोल कथन | success quotes in hindi

दोस्तो life मे प्रत्येक व्यक्ति success होना चाहता है और वह चाहता है कि वो हमेशा सफल ही होता रहे जो कि बहुत मुश्किल है । 
हम आज  " सफलता, मेहनत और समय " पर प्रसिद्ध कथन post कर रहे है जो आपको जरूर पंसद आऐगे ।
दोस्तो बिना मेहनत और समय प्रबंधन के सफलता नही मिल सकती  । 

Success, Hard Work, Time Management

Motivational quotes


"इतिहास बताता है कि बड़े- बडे विजेताओ को भी जीत से पहले हताश कर देने वाली बाधाओं का सामना करना पड़ा । उन्हे जीत इसलिए मिली कि वे अपनी असफलताओ से निराश नही हुए ।"
                             बी.सी. फोर्ब्स

Best Hindi quotes


"लक्ष्य ना ओजल होने पाये ।
    कदम मिला के चल ।
सफलता तेरे कदम छुएगी ।
आज नही तो कल ।।"

Hard Work

"जब मै थक जाता और थक कर रूक जाना चाहता था, तो मुझे उत्सुकता होती थी कि मेरा प्रतिद्वंद्वी इस समय क्या कर रहा होगा । जब मै सोच में देखता कि वह अभी भी प्रैक्टिस कर रहा है तो मै ओर मेहनत करता । और जब मै देखता कि वह थककर आराम कर रहा है तो मै और भी कडी मेहनत करने लगता ।"
              डाॅन  ( गैबल ओलंपिक मे कुश्ती मे स्वर्ण पदक विजेता )





"मै आधे दिन काम करना चाहता हूँ । मुझे इसकी कोई परवाह नही कि यह पहले के 12 घण्टे है या बाद के 12 घंटे ।"
                 - कैमंस विल्सन

हमेशा ध्यान रखिये कि आपका सफल होने का संकल्प का संकल्प किसी भी और संकल्प से महत्वपूर्ण है ।"
आप जितनी ज्यादा मेहनत करते है, उतने ही किस्मती बनते जाते है ।
               गैरी प्लेयर

एक आदमी अपने काम मे अपनी शक्ति ( Power ) और योग्यता ( Ability ) का केवल 25 % ही इस्तेमाल करता है। दुनिया उन लोगो का सम्मान करती है जो अपनी 50 %   Ability तक का इस्तेमाल करते है और उन गिने चुने लोगो को सिर आँखो पर बिठाती है, जो अपनी क्षमता का 100 फीसदी इस्तेमाल करते है।
                         एंड्रयू कार्नेगी


"आलोचक वो होता है जो दाम तो हर चीज का जानता है , लेकिन उन चीजो का महत्व नही ।"
                        आस्कर वाइल्ड

Time Management

अपना अमूल्य समय व्यर्थ की बातो मे बर्बाद न करे उससे तो अच्छा है कि 2 घंटे नींद ले लो क्योंकि व्यर्थ की बातो से आपका मन खराब हो जाएगा और दो घंटे नींद लेने से आपका तन तंदुरूस्त हो जाएगा ।
                        स्वामी रामसुखदास

" सुबह बनने के लिए हर शाम को ढ़लना होता है ।
बनने के लिए मोती बर्फ को पिघलना होता है ।
हाथ पर हाथ धर कर ही बैठे मत रहो तुम ।
पाने के लिए मंजिल हर इंसान को चलना होता है ।।"



Friends आपको हमारी यह post कैसी लगी comments करके जरूर बताय और यदि अच्छी लगे तो अपने दोस्तो के साथ जरूर share करे ।

दोस्तो life मे प्रत्येक व्यक्ति success होना चाहता है और वह चाहता है कि वो हमेशा सफल ही होता रहे जो कि बहुत मुश्किल है ।  हम आज  " ...